hindi
मन की शांति
आज का विषय मन की शांति 26 – 9- 2026 मन की शांति इंसान के लिए बहुत जरूरी है। अगर मन शांत हो तो इंसान बड़ी से बड़ी मुश्किल को आसानी से पार कर लेता है। हमें अपने मन को शांत रखने की कोशिश करनी चाहिए। अगर हम शांत दिमाग से सोचें तो हमें हर … Read more
मन की शांति
मन की शांति जब भी तुम्हारे संग बिताएउन खूबसूरत लम्हों को याद करती हूँ,न जाने क्यों…मेरे बेचैन मन कोएक अजीब-सा सुकून मिल जाता है। तुम्हारी बाँहों में सिमटकरजो बेफ़िक्री महसूस होती थी,तुम्हारे सीने से लगकरजो शांति मिलती थी,वो आज भीमेरे मन की सबसे प्यारी शांति है। कैसे कह दूँ कि प्रेम नहीं है तुमसे,जब तुम्हारी … Read more
अश्क
*शीर्षक अश्क:-* “””””””””””””””””””””””””””””” आंख का आंसू हथेली पे डोल गया, मन की व्यथा का राज खोल गया । इशारों ही इशारों में बात हुई, हथेली में ही उससे मुलाकात हुई। यारों जमीं पे खतों की बरसात हुई, सन्नाटे सी विरानीयो में रोशन खुशियों की बहार हुई । अश्क को देख खाली गगरी भी झलकने लगी, … Read more
बहाना तो है नहीं- ग़ज़ल
बहाना तो है नहीं- ग़ज़ल जीने का कोई अपना बहाना तो है नहीं, पर बिन जिए जहाँ से यूँ जाना तो है नहीं। बाती की उम्र ही है रोशनी की जिंदगी, पर रोशनी का कोई ठिकाना तो है नहीं। सबकी है अपनी सोच, यहाँ आदतें भी हैं, बेबात की हर बात सताना तो है नहीं। … Read more
मन कचोंटन विमोचन
मन कचोंटन विमोचन *शीर्षक,,,में गरीब ही ठीक हूँ?* “””””‘”””””””””””””””””””””””””” *यारो गरीब कि जिंदगी में बस, क्या है देखिए,,,,,,,,,* ग़रीबी उलझनों का रैन बसेरा होती है। मगर फिर भी गरीब खुश रहता है क्यों ?? क्योंकि ना इन्हे महलों के सुख नसीब होते हैं, ना सुदामा जैसा मित्र मिलता है । ना दो वक्त की रोटी … Read more
वक्त की कीमत: 24 घंटे, आपकी मेहनत और सफलता का सच
वक्त की कीमत: 24 घंटे, आपकी मेहनत और सफलता का सच समय किसी के लिए नहीं ठहरता। यह ब्रह्मांड का वह एकमात्र धन है जो राजा और रंक, अमीर और गरीब, सभी को हर दिन बिल्कुल बराबर—24 घंटों के रूप में—बांटा जाता है। जो इस धन का सही उपयोग समझ गया, वह जीवन में समृद्ध … Read more
तोंदू जी की तोंद मटके जैसे गोल हास्य कविता
*शीर्षक,,, तोंदू जी की तोंद मटके जैसे गोल,:-* *हास्य कविता:-* “””“””””“”””””””””””””””””””””‘”” तोंदु जी की तोंद हे या अलमारी, या लगी तुम्हें भी इश्कि बीमारी । हंसते हंसते ये तोंदू हो गई भारी , तभी हास्य व्यंग करे दुनिया सारी । ये दादी के मटके जैसे गोल हैं, देखो बीच में मची हुई पोल है। मतवाली … Read more
पर्वत और नदियाँ
पर्वत और नदियाँ की विशेषता